सीरिया ने मार गिराया रूस का एअरक्राफ्ट, रूस और इजरायल के बीच तनाव बढ़ा

अमेरिकी रक्षा सूत्रों के मुताबिक रूसी एअरक्राफ्ट उन्हीं एंटी एअरक्राफ्ट सिस्टम का निशाना बना जिसे रूस ने कुछ सालों पहले सीरिया को बेची थीं।

रूस के सैन्य एअरक्राफ्ट को सीरिया ने भूमध्य सागर के ऊपर मार गिराया है। इस एअरक्राफ्ट में रूस के 15 सैन्यकर्मी सवार थे। रूसी रक्षा मंत्रालय ने आरोप लगाया है कि इजराइल की वजह से ही सीरिया ने हमारे एअरक्राफ्ट को निशाना बनाया। मंत्रालय के मुताबिक इजरायल के एफ-16 लड़ाकू विमानों ने रूसी सैन्य विमान को एक खास रूट लेने के लिए बाध्य किया और जैसे ही उस रूट पर रूसी एअरक्राफ्ट गया, उस रूट पर पहले से तैनात सीरिया के एअर डिफेंस सिस्टम के एंटी एअरक्राफ्ट आर्टिलरी ने उसे मार गिराया। सोमवार (17 सितंबर) की रात स्थानीय समयानुसार करीब 11 बजे रूसी एअरक्राफ्ट रडार से गायब हो गया। इस हादसे के बाद से रूस और इजरायल के बीच संबंधों में तनाव बढ़ गया है।

रूसी समाचार एजेंसी आरआईए-नोवोस्ती के मुताबिक मंगलवार (18 सितंबर) को रूसी सेना ने इसके लिए इजरायल को जिम्मेदार ठहराया है सेना ने कहा कि सीरियाई हवाई सुरक्षा ने रूसी विमान को मार गिराया है। यह इजरायल की वजह से हुआ है। सेना की तरफ से कहा गया है, “इजरायल सेना के गैर जिम्मेदाराना रवैये की वजह से रूस ने अपने 15 सैन्यकर्मियों को खो दिया है। यह रूस-इजरायल के संबंधों के खिलाफ है। इजरायली सेना ने दोनों देशों के बीच के संबंधों की अनदेखी की है।” अमेरिकी रक्षा सूत्रों ने सोमवार को बताया कि जब सीरियाई सेना इजरायली मिसाइल को रोकने की कोशिश कर रहे थे तभी आसमान में रूसा एअरक्राफ्ट आ गया जिसे सीरिया ने इजरायल का एअरक्राफ्ट समझकर मार गिराया। हालांकि, इजरायल की तरफ से इस मामले में कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।