भारत भी अमेरिका की परवाह किये बिना रूस से S-400 प्रक्षेपास्त्रिक रक्षा प्रणाली खरीदेगा

दुनिया में रूस के S-400 मिसाइल रक्षा प्रणाली की जो उपयोगिता है उसका कोई प्रतिस्पर्धी नहीं है और विश्व के विभिन्न देश उसे ख़रीदना चाहते हैं।

समाचार पत्र टाइम्स आफ इंडिया ने लिखा है कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतीन अगले महीने भारत की यात्रा पर आने वाले हैं। टाइम्स आफ इंडिया ने लिखा है कि इस यात्रा के दौरान पांच अरब चालिस करोड़ तीस लाख मूल्य के S-400 मिसाइल रक्षा प्रणाली पर हस्ताक्षर होंगे।

यह एसी स्थिति में है जब पिछले सप्ताह चीन द्वारा रूस से यही मिसाइल रक्षा प्रणाली की खरीदारी के कारण अमेरिका ने उस पर प्रतिबंध लगा दिया है और भारत भी अमेरिकी प्रतिबंधों की अनदेखी करते हुए रूस से S-400 मिसाइल रक्षा प्रणाली खरीदना चाह रहा है।

ज्ञात रहे कि दुनिया में रूस के S-400 मिसाइल रक्षा प्रणाली की जो उपयोगिता है उसका कोई प्रतिस्पर्धी नहीं है और विश्व के विभिन्न देश उसे ख़रीदना चाहते हैं। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अभी हाल ही एक आदेश पर हस्ताक्षर किया है जिसके अनुसार जो देश रूस से S-400 मिसाइल रक्षा प्रणाली खरीदेगा उसे वाशिंग्टन के प्रतिबंधों का सामना होगा।

चीन और तुर्की जैसे देशों के राष्ट्राध्यक्षों ने घोषणा की है कि वे अमेरिकी राष्ट्रपति के आदेशों का अनुसरण नहीं करेंगे।