यूपी में कोई मॉब लिंचिंग नहीं, बुलंदशहर की घटना एक दुर्घटना: योगी आद‍ित्‍य नाथ

बुलंदशहर में भीड़ द्वारा पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की हत्या पर आखिरकार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चुप्पी तोड़ी

बुलंदशहर में भीड़ द्वारा पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की हत्या पर आखिरकार मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चुप्पी तोड़ी है. इस मामले में मुख्यमंत्री के रुख को लेकर कई सवाल उठ रहे थे. क्योंकि घटना के तीन दिन बाद जाकर कहीं उन्होंने शहीद पुलिस इंस्पेक्टर के परिवार से मुलाकात की और अब घटना के चार दिन बाद उन्होंने इस मामले पर कुछ बोला है.

उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में हुई हिंसा पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का बड़ा बयान आता है। हिंसा में मारे गए इंस्पेक्टर सुबोध सिंह के परिवार से मिलने के एक दिन बाद सीएम योगी ने जिले में हुई मॉब लिंचिंग को मानने से इंकार कर दिया है। उन्होंने कहा है कि, राज्य में कोई मॉब लिंचिंग नहीं है, बुलंदशहर की घटना केवल एक दुर्घटना है।

दैनिक जागरण अखबार के कार्यक्रम में पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि, उत्तर प्रदेश में कोई कोई मॉब लिंचिंग नहीं है, बुलंदशहर की घटना केवल एक दुर्घटना है।

जहां एक ओर पुलिस ने मामले को लेकर 90 लोगों के खिलाफ मामले दर्ज किए हैं, जिसमें 28 लोगों के नाम सामने आ चुके हैं. संदिग्धों में बीजेपी युवा मोर्चा, वीएचपी और बजरंग दल के सदस्य शामिल हैं. वहीं दूसरी ओर सीएम योगी का कहना है कि ये मामला मॉब लिंचिंग का नहीं बल्कि एक्सीडेंट था. हालांकि उन्होंने कहा है कि इसके लिए जो भी जिम्मेदार होगा उसे बख्शा नहीं जाएगा.

जिस वक्त ये घटना हुई, तब सीएम तेलंगाना व राजस्थान में चुनाव प्रचार में जुटे थे. जिसे कारण उन्हें चौतरफा आलोचनाएं झेलनी पड़ी. इससे पहले गुरुवार को योगी आदित्यनाथ ने सुबोध सिंह के परिवार से लखनऊ में सीएम आवास में मुलाकात की. सरकार ने पीड़ित परिवार की लगभग सभी मांगे मान ली हैं और उन्हें शहीद का दर्जा देने को भी तैयार है.

आपको बता दें कि उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में गोकशी की अफवाह फैलने के बाद भीड़ की हिंसा में पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. पुलिस अधिकारी के साथ-साथ 20 साल के युवक सुमित की भी गोली लगने की वजह से मौत हो गई थी