सुप्रीम कोर्ट ने फोर्टिस हेल्थकेयर की बिक्री पर रोक लगाई, निवेशकों के 810 करोड़ रुपये डूबे

सुप्रीम कोर्ट ने फोर्टिस हेल्थकेयर की बिक्री पर रोक लगा दी है. इस खबर के बाद कंपनी के शेयर में भारी गिरावट देखने को मिली है. इस गिरावट में निवेशकों के 810 करोड़ रुपये डूब गए.

सुप्रीम कोर्ट ने फोर्टिस हेल्थकेयर की बिक्री पर रोक लगा दी है. इस खबर के बाद कंपनी के शेयर में भारी गिरावट देखने को मिली है. शेयर कुछ ही मिनटों में 10 फीसदी से ज्यादा लुढ़क गया है. इस गिरावट में निवेशकों के 810 करोड़ रुपये डूब गए. आपको बता दें कि फोर्टिस हेल्थकेयर को हाल में आईआईएच ने करीब 4000 करोड़ रुपये में खरीदने का ऐलान किया था.क्या है मामला- एसकोर्ट सिक्योरिटी के हेड आसिफ इकाबल बताते हैं कि दवा कंपनी रैनबैक्सी को बेचते वक्त सिंह बदर्स ने जापान की कंपनी दाइची सांक्यों को इसके बारे में पूरी जानकारी नहीं दी थी. इसके बाद रैनबैक्सी को दाइची ने सन फार्मा को बेच दिया. लेकिन दाइची ने 3500 करोड़ के लेनदारी के मामले में सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दाखिल की. इसीलिए फोर्टिस की बिक्री पर रोक लगाई गई है. आपको बता दें कि फोर्टिस और रैनबैक्सी के प्रमोटर्स मलविंदर और शिविंदर मोहन सिंह थे. (ये भी पढ़ें-तत्काल पासपोर्ट के लिए अब आधार जरूरी नहीं, इन ID से हो जाएगा काम)सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक- सुप्रीम कोर्ट ने बिक्री पर रोक लगता हुए कहा है कि अगले आदेश तक मलविंद और शिविंदर मोहन सिंह की संपत्ति पर भी यथास्थिति बरकरार रहेगी.

डूबे करोड़ों रुपये- शेयर में गिरावट से 810 करोड़ रुपये डूब गए है. फोर्टिस की मार्केट कैप गुरुवार को 8100 करोड़ रुपये थे. जो कि अब घटकर 7120 करोड़ रुपये रह गई है. ( ये भी पढ़ें-इस कंपनी के तेल-टूथपेस्ट हो गए महंगे, 10 फीसदी तक बढ़ी कीमतें)मलेशिया की कंपनी आईएचएच हेल्थकेयर ने फोर्टिस हेल्थकेयर को 4000 करोड़ रुपये में खरीदने का ऐलान किया. आईएचएच को इस निवेश के बदले फोर्टिस हेल्थकेयर में 31 फीसदी हिस्सेदारी मिलेगी जिसके लिए उसे तरजीही आधार पर 170 रुपए प्रति शेयर के हिसाब से शेयर आवंटित किए जाएंगे.ऑ
इसके बाद कंपनी को 26 फीसदी हिस्से के लिए ओपन ऑफर लाना था.