मौन नहीं थे मनमोहन सिंह! 15 बार से ज्यादा दिए प्रेस के सवालों के जवाब! मोदी ने की सिर्फ मन की बात!

पिछले साल गुजरात विधान सभा चुनाव के दौरान पीएम मोदी ने आरोप लगाया था कि पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री, भारत के पूर्व पीएम ने मणिशंकर अय्यर के घर बैठकर मीटिंग की थी। इस पर कांग्रेस ने संसद ठप कर दिया था, तब पीएम मोदी को खेद जताना पड़ा था।

जनसत्ता ऑनलाइन की खबर के मुताबिक 2019 के आम चुनावों से पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने पीएम नरेंद्र मोदी पर बड़ा हमला बोला है और कहा है कि वो ऐसे प्रधानमंत्री नहीं थे जो पत्रकारों के सवालों से डरते थे। मंगलवार (18 दिसंबर) को अपनी किताब ‘चेंजिंग इंडिया’ के विमोचन पर उन्होंने कहा कि वह ऐसे प्रधानमंत्री नहीं थे, जो प्रेस से बात करने में घबराता हो। वह लगातार मीडिया से मिलते थे और हर विदेश यात्रा के दौरान प्रेस कांफ्रेंस किया करते थे। आंकड़ों पर गौर करें तो मनमोहन सिंह का दावा सच दिखता है। उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान कुल दो बार प्रेस कॉन्फ्रेन्स किया था, जबकि दो बार एडिटर्स कॉन्फ्रेन्स किया था। विदेशी दौरों पर भी उन्होंने आठ बार मीडिया के सवालों का जवाब दिया था। इनके अलावा मनमोहन सिंह ने तीन बार अन्य मौकों पर भी मीडियाकर्मियों के सवालों के जवाब दिए। हालांकि, पीएम नरेंद्र मोदी की तरह उन्होंने दस साल के कार्यकाल में कभी भी मन की बात नहीं कही, जबकि नरेंद्र मोदी ने अब तक 50 बार मन की बात रेडियो और दूरदर्शन पर की है।

पीएम मोदी क्यों नहीं देते पत्रकारों के सवालों के जवाब

देखिए एक चैनल की 2015 की रिपोर्ट

दरअसल, भाजपा और खासकर नरेंद्र मोदी मनमोहन सिंह को कमजोर प्रधानमंत्री कहते रहे और उनपर मौन रहने का आरोप लगाते रहे हैं लेकिन अब खुद मनमोहन सिंह ने पीएम मोदी पर प्रेस के सवालों से घबराने की आरोप मढ़ा है। राहुल गांधी ने भी पिछले दिनों आरोप लगाया था कि मोदी कभी प्रेस का सामना नहीं करते। उन्होंने आरोप लगाया कि पीएम मोदी देश की मीडिया के सामने एक्सपोज नहीं होना चाहते हैं। बता दें कि मनमोहन सिंह हमेशा से पीएम मोदी के निशाने पर रहे हैं। मोदी ने संसद में हमला बोलते हुए कहा था, “बाथरूम में रोनकोर्ट पहनकर नहाना, ये कला तो डॉ. मनमोहन सिंह जी ही जानते हैं और कोई नहीं जानता।”

इसके अलावा पिछले साल गुजरात विधान सभा चुनाव के दौरान पीएम मोदी ने आरोप लगाया था कि पाकिस्तान के पूर्व विदेश मंत्री, भारत के पूर्व पीएम ने मणिशंकर अय्यर के घर बैठकर मीटिंग की थी। इस पर कांग्रेस ने संसद ठप कर दिया था, तब पीएम मोदी को खेद जताना पड़ा था। मनमोहन सिंह ने इससे पहले मोदी पर बड़ा हमला नोटबंदी को लेकर बोला था, तब मनमोहन सिंह ने कहा था कि नोटबंदी से जीडीपी 2 फीसदी तक गिरेगी और आम आदमी की कमर तोड़ देगा। साल 2014 में भी मनमोहन सिंह ने कहा था कि अगर नरेंद्र मोदी पीएम बन गए तो यह देश के लिए संकट लाने वाला होगा। यानी 2014 की लड़ाई के बाद फिर से 2019 में मनमोहन बनाम नरेंद्र मोदी की लड़ाई सतह पर आ गई है।