योगी ने सपा-बसपा गठजोड़ को बताया- भ्रष्ट, अवसरवादी और जातिवादी, लोगों ने लगा दी क्लास

सीएम योगी ने सपा-बसपा गठबंधन पर कहा क‍ि यह जातिवादी, भ्रष्‍ट और अवसरवादी मानसिकता वालों का गठजोड़ है, जो विकास और सुशासन नहीं चाहते हैं।

जनसत्ता ऑनलाइन के मुताबिक आगामी लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश की कुल 80 लोकसभा सीटों में से समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी 38-38 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेंगी। इन दोनों पार्टियों ने राज्य की दो सीटें छोटी पार्टियों के लिए छोडी हैं जबकि अमेठी और रायबरेली की दो सीटें कांग्रेस पार्टी के लिए छोड़ने का फैसला किया है। बसपा सुप्रीमो मायावती और सपा के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शनिवार को लखनऊ के एक होटल में आयोजित संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में यह घोषणा की। वहीं, उत्‍तर प्रदेश के मुख्‍यमंत्री योगी आदि‍त्यनाथ ने सपा-बसपा गठजोड़ को भ्रष्‍ट, अवसरवादी और जाति‍वादी बतायाा। इसके बाद सोशल मीडि‍या यूूूजर्स नेे उनकी क्‍लास लगा दी।

सीएम योगी आदित्‍यनाथ ने बसपा-सपा गठबंधन पर कहा, “यह जातिवादी, भ्रष्‍ट और अवसरवादी मानसिकता वालों का गठजोड़ है, जो विकास और सुशासन नहीं चाहते हैं। जनता सब जानती है और इस अपवित्र गठबंधन को करारा जवाब देगी।” इसके बाद सोशल मीडि‍या यूजर्स ने सीएम योगी की क्‍लास लगा दी। एक यूजर ने लि‍खा, “आगरा एक्‍सप्रेस वे, यूपी 100, जनेश्‍वर मि‍श्रा पार्क, 1090 साइकि‍ल ट्रैक, लखनऊ मेट्रो, लखनऊ आईटी पार्क, येे सब भाजपा ने करवाया है? कोई एक काम बताएं जो प‍िछले एक साल में कि‍या हो नामकरण के अलावा? बात करने के द‍िन गए योगी जी।

एक अन्‍य यूजर ने लि‍खा, “बाबा अपने 2 साल के किये गए कुछ महत्वपूर्ण व नायाब काम बता दिए होते…। केवल गाय गोबर गंगा और इसके नाम पर दंगा। इससे ज्यादा कुछ हुआ है?”

वहींं, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष महेंद्र नाथ पांडेय ने सपा-बसपा गठबंधन को ”गुनाहबंधन” करार देते हुए शनिवार को कहा कि यह एक—दूसरे के गुनाहों को ढंकने, छिपाने और अपना अस्तित्व बचाने के लिए किया गया है। पाण्डेय ने कहा, ”यह एक गुनाहबंधन है, जो एक – दूसरे के गुनाहों को ढंकने, छिपाने और अस्तित्व बचाने के लिए किया गया है ।” उन्होंने कहा कि यह गठबंधन उत्तर प्रदेश को कुशासन, अपराध और भ्रष्टाचार में झोंकने वाले अवसरवादी दलों का गठबंधन है। उन्होंने कहा कि बसपा प्रमुख मायावती ने आज ही ईवीम पर सवाल उठा कर अपनी हार स्वीकार कर ली।

पाण्डेय ने सपा-बसपा को चुनौती देते हुए कहा, ‘‘हमारे पास मोदी जैसा नेतृत्व है, दुनिया की किसी भी प्रणाली से चुनाव करा दिया जाए, उत्तर प्रदेश में गठबंधन की हार तय है।’’ उन्होंने सपा प्रमुख अखिलेश यादव द्वारा भाजपा पर मायावती का अपमान करने का आरोप लगाए जाने को हास्यास्पद बताते हुए कहा, ‘‘ क्या गेस्ट हाउस कांड में शामिल सपा नेताओं को अखिलेश अपनी पार्टी से निकालेंगे? मायावती ने सपा से हाथ मिला कर कांशीराम की विरासत और दलितों के विश्वास का सौदा किया है। गठबंधन में एक दल (बसपा) एनआरएचएम, स्मारक, चीनी मिल के भ्रष्टाचार का गुनाहगार है, तो वहीं दूसरा दल (सपा) रिवरफ्रन्ट, यूपी पीएससी भर्ती व खनन घोटाले का गुनहगार है।’’ (एजेेंसी इनपुट के साथ)